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आखिर क्यों पहनाया गधे ने गधी को मंगलसूत्र

कर्नाटक के मैसूर के हूरा गांव में एक बिगड़े हुए गधे की शादी एक सुशील गधी से कराई गई है, जो न तो ज्यादा बोलती है और न ही लात मारती है। जबकि दुल्हा बने गधे के लात बहुत चलते हैं और वह लोगों को काटने में भी माहिर है और उसकी इन्हीं आदतों से परेशान होकर लोगों ने उसकी शादी करा दी कि शायद वो शादी के बाद सुधर जाए।

हालांकि शादी के दौरान गधा बहुत ही शांत दिखा, जबकि दूर गांव से आई दुल्हन (गधी) थोड़ी घबरा और शरमा रही थी।

इस अनोखी शादी के गवाह पूरे गांववाले बने। दुल्हा बने गधे की उम्र चार साल बताई जा रही है, जबकि दुल्हन बनी गधी की उम्र का अभी पता नहीं चल सका है। दोनों की शादी बड़े ही धूमधाम से कराई गई।

गांववालों ने बाकायदा इस शादी को हिंदू रीति-रिवाज के साथ पूरे विधि-विधान से पुजारी बुलवाकर कराई। इस दौरान गधे ने गधी के गले में मंगलसूत्र भी बांधा। दोनों ने नये कपड़े भी पहन रखे थे। इस अनोखी शादी के साक्षी बनने आए सभी मेहमानों को इस मौके पर मिठाइयां भी बांटी गईं। सभी लोग गधे की शादी से खुश नजर आ रहे थे।

क्यों कराई गई गधे की शादी  

गांववालों का कहना है कि पहले उस गधे के साथ एक गधी रहती थी, तब उसका व्यवहार बिल्कुल सामान्य था, लेकिन बाद में वो कहीं चली गई, जिसके बाद से उसका व्यवहार बदल गया और वह आक्रामक हो गया। इसके अलावा इसी साल जुलाई महीने में एक तेंदुए ने भी गधे को मार दिया था, उसके बाद तो वो और भी ज्यादा हिंसक हो गया था।

गधे की इन्हीं सभी हरकतों से परेशान होकर गांववालों ने उसकी शादी कराने का फैसला किया। अब सबसे बड़ी दिक्कत थी गधे के लिए एक सुशील दुल्हन (गधी) ढूंढने की। गांववालों ने इसके लिए चंदे के रूप में पैसे भी इकट्ठा कर लिए थे।

उनकी यह तलाश एक दूसरे गांव चमराजनगर में तब खत्म हो गई जब एक गधी का मालिक उन्हें गधी देने को तैयार हो गया। गांववालों की पूरी व्यथा और गधे के हिंसक स्वभाव को जानकर गधी के मालिक ने उन्हें अपनी गधी मुफ्त में दे दी।

इसके बाद गांववालों ने इकट्ठा किए गए उन पैसों से शादी समारोह का आयोजन किया और गधा-गधी के लिए नये कपड़े खरीदे और पुजारी को बुलवाकर दोनों की शादी करा दी।

चाणक्य लाइव न्यूज़,

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